चंद दिनों पहले तक बिहार-नेपाल सीमा पर आवागमन इतना सरल रहा कि महसूस ही नहीं हुआ कि आप अंतरराष्ट्रीय सीमा को पार कर रहे हैं। लेकिन आज हिमालय की वादियों में खेले जा रहे चालबाजियों में बिहार नेपाल से कहीं दूर होता जा रहा है। बेटी-रोटी के रिश्ते में बढते खटास पर आधारित युगवार्ता के नविनतम अंक ने मेरे आलेख को जगह दिया है। पढिए-पढाइए...
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मंत्रीजी, होम क्वरंटाइन में घुमे जा रहे हैं
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प्रीति सिंह (3 मिनट में पढ़ें) फिल्म 'नदिया के पार' के आखिरी लम्हे, कमरे में गूंजा और चंदन. भींगी पलकों के साथ दोनों के बीच संव...
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नानी-दादी से कहानी सुनते-सुनते स्वप्न लोक में खो जाना. बीच-बीच में उत्सुकता बस कुछ-कुछ पूछना. सोने से पहले का वैसा सुखद आनंद अबके बच्च...


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